What is processor | प्रोसेसर कितने प्रकार के होते हैं

दोस्तो स्वागत है आप सभी का हमारे हिंदी ब्लॉग में जिसमें आज हम जानेंगे की ऑक्टा-कोर और क्वाड-कोर प्रोसेसर में क्या अंतर होता है ये फ़ोन के लिए क्योँ आवश्यक है जिसके बारे में आज आप हमारी पोस्ट से सबकुछ जानेंगे

बात करते है पहले जमाने के मोबाइल फोन landline फोन के जैसे ही होते थे। उनमें landline जैसी सुविधाएं ही होती थी। अब आप ये सोच रहे होंगे की ये लैंडलाइन क्या है आइये हम आपको बताते है लैंडलाइन के बारे में ये वो लाइन
होती जिससे फ़ोन में रेंज आती थी अथवा पहले फ़ोन में रेंज जो आती थी वो इन्ही केबल से आती थी जिनको लैंडलाइन
(जमीन के नीचे दबे हुए इलेक्ट्रिक तार ) कहते है
पहले जमाने के फ़ोन से हम सिर्फ कॉल ही कर सकते थे इसके अलावा हम कुछ भी नहीं कर सकते थे और न ही हम किसी के नंबर देख सकते थे । इसके विपरीत वहीं आजकल के आधुनिक जमाने में मोबाइल फोन की जगह स्मार्टफोन  ने ले ली है जो ये एक तरह से कंप्यूटर ही होते हैं। आजकल के लगभग सभी मोबाइल फोन कंप्यूटर ऑपरेटिंग सिस्टम की तरह ही काम करते हैं जिससे की पहले के मुक़ाबले अब ज्यादा जल्दी काम सिर्फ हम अपने स्मार्टफोन से ही कर सकते है ।



आधुनिक मोबाइल फ़ोन में कंप्यूटर जैसा कार्य करने के लिए उनमे एक ऐड-ऑन हार्डवेयर का इस्तेमाल किया जाता है जो बहुत ही पॉवरफुल और तेज होता है इन्ही खास सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर की मदद से स्मार्टफोन में काफी फीचर डाले जाते है जिसके कारण ही वह एक पावरफुल proccesor पर कार्य करता है ।
हम आजकल किसी भी  स्मार्टफोन में आधुनिक और नई - नई सुविधाओं का अलग-अलग एप्लिकेशन के जरिए आसानी से फायदा उठा सकते हैं। ये सब ऐप्स स्मार्टफोन में मौजूद सॉफ्टवेयर के पीस के साथ काम करते हैं। सॉफ्टवेयर के अलग-अलग पीस में प्रोसेसर या एसओसी (चिप पर सिस्टम), सीपीयू और ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट (जीपीयू) शामिल रहते हैं।

क्वाड-कोर और ऑक्टो-कोर दोनों में अंतर निम्न प्रकार से हमने आपको दिया हुआ है जो इस प्रकार है

क्वाड-कोर और ऑक्टो-कोर चिप्स के कार्य भिन्न -भिन्न  function में अलग-अलग होते हैं। ऐसा इसलिए किया जाता है कि प्रत्यके कोर अपना काम सही तरीके से कर पाए।
क्वाड-कोर चिप्स में प्रत्येक कोर को एक खास काम के साथ सैट किया जाता है जिससे यह पक्का किया जा सके कि प्रक्रिया तेजी से और बिना किसी रुकावट से हो रही है।
ओक्टा-कोर चिप्स में कोर मूल रूप से दो क्वाड-कोर प्रोसेसर में सेट होते हैं, इसमे पहला सेट दूसरे सेट की तुलना में थोड़ा पॉवरफुल होता है जबकि दूसरा सेट कहीं ज्यादा ताक़तवर होता पहले सेट की तुलना में  ओक्टा कोर की तुलना में इन डिवाइस के लिए "डुअल क्वाड-कोर" एक बहुत अधिक उपयोगी नाम है जिससे हमारे स्मार्टफोन और अधिक पॉवरफुल होते जा रहे है ।

(बैटरी खर्च) power consuption

बैटरी खपत यानि आजकल के स्मार्टफोन में  बैटरी की ज्यादा खपत (low)का होना भी हमारे फ़ोन के कोर पर ही निर्भर होता है। अधिर कोर का मतलब है कि काम करने के लिए बैटरी से ज्यादा ऊर्जा मिलनी चाहिए। इसका यही मतलब है कि इससे बैटरी की खपत भी ज्यादा होगी।

स्मार्टफोन की बैटरी कम होने का मुख्य कारण क्या है ?
आजकल के फोन की बैटरी का जल्दी खत्म हो जाना यही मुख्य कारण है कि स्मार्टफोन की बैटरी लाइफ इतनी कम हो गई है। स्मार्टफोन में हाई-एंड गेम या हाई डेफिनिशन वीडियो चलाने में, संदेश की जांच करने में, होम स्क्रीन पर नेविगेट करने से प्रोसेसर ज्यादा कोर मांगता है मतलब बैट्री की खपत ज्यादा होती है जिससे फ़ोन पर भी काफी ज्यादा प्रभाव पड़ता है ।
ओक्टा-कोर प्रोसेसर को इसका लाभ उठाने के लिए डिज़ाइन किया गया है। यह कम पॉवर वाले कोरों का सेट जिम्मेदारी लेता है। इसके परिणामस्वरूप सिस्टम की बैटरी पर कम लोड होता है।
हम आपको यहीं कहेंगे कि ऑक्टा-कोर डिवाइस का एकमात्र फायदा स्मार्टफोन की बैटरी खपत का है। यह कोर का एकदम सही तरीके से इस्तेमाल करते हुए बैटरी की क्षमताओं पर पड़ने वाले असर को कम करता है ताकि आजकल के आधुनिक सुविधाओं वाले स्मार्टफोन की बैटरी को ज्यादा तरीके से खराब और जल्दी खपत होने से बचाया जा सकता है

अगर आपको इस पोस्ट से संबंधित कोई भी सवाल पूछना हो तो आप हमे नीचे कमेंट बॉक्स में हमे कमेंट कर सकते है हम आपको जवाब जरूर देंगे अगर ये पोस्ट पसंद आयी हो तो अपने दोस्तो में भी शेयर करे


1 Response to "What is processor | प्रोसेसर कितने प्रकार के होते हैं"